दीदी के देवर से चुदाकर सेक्स का डर दूर हुआ


Click to Download this video!

हेलो दोस्तों मैं आप सभी का में बहुत बहुत स्वागत करती हूँ। मैं पिछले कई सालो से इसकी नियमित पाठिका रही हूँ और ऐसी कोई रात नही जाती जब मैं इसकी सेक्सी स्टोरीज नही पढ़ती हूँ। आज मैं आपको अपनी कहानी सूना रही थी। आशा है की ये आपको बहुत पसंद आएगी।
मेरा नाम अंतिका है। मैं दिल्ली (बवाना) की रहने वाली हूँ। मैं अपनी दीदी के साथ उनकी ससुराल में रह रही हूँ। मैं 22 साल की सुंदर सुशील लड़की हूँ। मैं देखने में बहुत सुंदर हूँ। मेरी खूबसूरती को देखकर अच्छे अच्छों के लंड खड़े हो जाते है। मेरे दूध का साईज 36″ से जादा है। मेरी चूचियां बेहद रसीली और गोल गोल है। मुझे शर्ट पेंट पहनना बहुत पसंद है। मैं हमेशा लड़कों की तरह दिखना चाहती हूँ। मेरे घर वाले भी काफी आजाद ख्याल के है और मैं हमेशा शर्ट पेंट और जींस टॉप में रहती हूँ।
मेरी चूत अभी तक पूरी तरह से कुवारी थी। बहुत रसीली और सुंदर थी। मेरे मोहल्ले के काफी लड़के मुझे चोदना चाहते थे। पर मैंने मना कर दिया। पता नही क्यों मुझे सेक्स से बहुत डर लगता था। मेरी सहेलियां खुलकर चुदाई की बाते करती थी। रोज मुझे बताती थी की कैसे उन्होंने अपने बॉयफ्रेंड्स से चुदवा लिया पर राम जाने क्यों मैं डर जाती थी। शायद मैं इसे एक बुरा काम समझती थी। मेरी दीदी का देवर अनिरुद्ध बड़ा अच्छा लड़का था। धीरे धीरे मेरी उससे खूब बाते होने लगी। मेरा कॉलेज दीदी के घर से बहुत पास पड़ता था इसलिए जीजा जी ने कहा की मैं उनके घर में रहूँ। दोस्तों मेरे जीजा जी बहुत अच्छे है। मेरा बड़ा ख्याल रखते है। अनिरुद्ध हमेशा मुझसे हंसी मजाक करता रहता था। वो भी मेरी उम्र का था। शायद उसकी उम्र 20 साल थी और वो मुझसे 2 साल छोटा था। मैं रिश्ते में उसकी भाभी की बहन लगती थी। इसलिए वो मुझसे खूब मजाक करता था। एक दिन घर में रात को लाईट चली गयी और जब मैं माचिस ढूढने जा रही थी तो अँधेरे में अनिरुद्ध से टकरा गयी। उसके हाथ मेरे 36″ के दूध पर लग गये और मेरे मम्मे अचानक उसके हाथो से दब गये। फिर कुछ देर में लाईट आ गयी। सामने देखा तो अनिरुद्ध था।
“अंतिका!! आई एम् वेरी सॉरी!! अँधेरे में मैं तुमको देख नही पाया” वो बोला
“इट्स ओके!!” मैंने कहा
फिर हम दोनों छत पर चले गये। हम बात करने लगे। अनिरुद्ध मेरी तरह दूसरी निगाहों से देख रहा था। मैं भी आज की मुठभेड़ में उसको पसंद करने लगी थी। छत पर सुहानी हवा चल रही थी। अब रात को चुकी थी और गर्मी की वजह से हम दोनों छत पर आ गये थे।
“क्या तुमने कभी सेक्स किया है” अचानक अनिरुद्ध से मुझसे पूछ लिया।
मैं डर गयी और कांपने लगी। मुझे सेक्स से बहुत डर लगता था। जब मैं 12 साल की थी तबसे ही मैं चुदाई के नाम से बहुत डरती थी। उसकी बात सुनकर मैं फिर से कांपने लगी।
“क्या हुआ तुमको?? तुम काँप क्यों रही हो?? और तुम्हारे माथे पर पसीना क्यों आ गया??” अनिरुद्ध पूछने लगा
“मुझे सेक्स फोबिया है” मैंने कहा
उसने मुझे समझाया की मेरी दीदी भी तो रोज रात में जीजा जी से चुदाती है। उनको तो कुछ नही होता। ये सब मेरे मन का वजह है। फिर अनिरुद्ध ने मुझे पकड़ लिया और किस करने लगा। तुमको डरने की जरूरत नही है। सेक्स कोई बुरी बात नही है। इसे हौव्वा मत समझो। ये एक आसान चीज है जो इंसान के लिए जरूरी होता है। दीदी के देवर ने मुझे हर तरह से समझा दिया। फिर मुझे हाथ से पकड़ लिया और सीने से लगाने लगा। धीरे धीरे वो मुझे किस करने लगा। मेरे 36″ के दूध पर उसने हाथ घुमाना शुरू कर दिया। मेरी गोल गोल बड़ी गेंद जैसी चूची पर वो हाथ लगाने लगा तो मैं “ओह्ह माँ..ओह्ह माँ.उ उ उ उ उ..अअअअअ आआआआ..” करने लगी। धीरे धीरे दीदी का देवर अनिरुद्ध मुझे प्यार करने लगा। उसने मुझे बाहों में लपेट कर मेरे होठो पर अपने होठ रख दिए। हम किस करने लगे। कुछ देर बाद मैं गर्म हो गयी। अब मेरा चुदने का मन कर रहा था।
“अंतिका!! चूत कब दोगी??” अनिरुद्ध पूछने लगा
“नही !! तुम सिर्फ मुझे किस कर लो और मेरे दूध दबा लो। चुदाई मुझसे नही हो पाएगी। मुझे डर लगता है” मैंने कहा
उसने मुझे बहुत समझाया पर मैं उसे चूत देने से इनकार कर दिया। फिर वो मेरी चूची पीने पर राजी हो गया। मैंने अपना टॉप उतार दिया और ब्रा खोल दी। दीदी का देवर मेरे 36″ के शानदार तने तने मम्मो को हाथ से मसलने लगा। फिर मुंह में लेकर चूसने लगा। खूब चूसा उसने। दोस्तों मेरे बूब्स बहुत सुंदर दिख रहे थे। बिलकुल टाईट और कड़े कड़े थे। अनिरुद्ध मुंह में लेकर ऐसे चूस रहा था जैसे मैं उसकी बीबी हूँ। मेरी कसी और तनी हुई चूचियों को वो कस कसके हाथ से दबाकर मजा लूट रहा था। मैं “ओहह्ह्ह.ओह्ह्ह्ह.अह्हह्हह.अई..अई. .अई. उ उ उ उ उ.” की तेज आवाजे निकाल रही थी।
सबसे अच्छी बात थी की हमारे घर की छत पर कोई नही था। वरना कोई हमे देख लेता तो दिक्कत हो जाती। इस तरह से मैं अपनी दीदी के देवर अनिरुद्ध से रोज रात के वक़्त छत पर मिलने लगी। धीरे धीरे मेरी वो जींस उतार देता। फिर घंटे घंटे जमींन में घुटनों के बल बैठकर मेरी चूत पीता। मैं उसे हमेशा खड़े होकर ही चूत पिलाती थी। वो जीभ लगा लगाकर खूब चूसता। मेरी कुवारी चूत के अंदर जीभ डालने की कोशिश करता पर मेरी चूत तो अभी पूरी तरह से सीलबंद थी। मैं कुवारी माल थी और एक बार भी चुदी नही थी। मेरी चूत का ताला अभी टूटा नही था। अनिरुद्ध मुझे दीवाल से खड़ा कर देता और मेरे पैर खोल देता। फिर जमींन पर बैठकर वो जी भरकर मेरी चूत के दर्शन करता और मुंह लगाकर पीता। धीरे धीरे मेरा भी चुदने का दिल करने लगा।
एक दिन हमारे घर पर कोई नही था। जीजा जी दीदी को डॉक्टर के पास चेक अप करवाने ले गये थे। घर पर बाकी लोग भी कही गये थे। अनिरुद्ध मेरे पास आ गया।
“अंतिका!! आज कोई घर पर नही है। बोलो चुदाई करा जाए” वो बोला
“नही!! मुझे डर लगता है” मैंने कहा
फिर उसने मुझे मेरी दीदी की चुदाई वाला विडियो दिखाया। इसे अनिरुद्ध से कुछ दिनों पहले बना लिया था। दीदी के कमरे में उसने कैमरा लगा दिया था और जब रात में दीदी को नंगा करके जीजा जी ने चोदा तो कैमरे में सब रिकॉर्ड हो गया।
“अंतिका!! तुम बेकार में सेक्स से डरती हो। लो खुद देख लो” अनिरुद्ध बोला
जब मैं अपनी दीदी को जीजा जी से चुदते देखा तो मेरा डर दूर हो गया। दीदी जीजा से टांग खोलकर मजे लेकर चुदवा रही थी और “आआआअह्हह्हह…ईईईईईईई..ओह्ह्ह्..अई. .अई..अई…अई..मम्मी..” की तेज तेज आवाजे निकाल रही थी। दीदी की सेक्सी आवाजे तो यही बता रही थी की उनको कितना आनंद मिल रहा है। जीजा का मोटा लंड उनकी चूत को फाड़ रहा था। जल्दी जल्दी उनकी चूत में अंदर बाहर जा रहा था। दीदी को मजे लूट रही थी। जीजा जी उनके मम्मे चूस चूसकर उनको पेल रहे थे। वो विडियो देखकर मेरा डर दूर हो गया।
“ठीक है अनिरुद्ध मैं तुमसे चुदवाउंगी पर प्रोमिश करो की तुम आराम आराम से मुझे पेलोगे” मैंने कहा
वो राजी हो गये। उसने मेरे जींस टॉप को निकाल दिया और सोफे पर ही लिटा दिया। मैंने जोकी कम्पनी की ब्रा पेंटी पहनी थी। मैं छरहरे सेक्सी बदन की पहले से थी इसलिए मैं बहुत सेक्सी लग रही थी। अनिरुद्ध ने अपने कपड़े उतार दिए। उसने सिर्फ अपना अंडरवियर नही उतारा और सब कुछ उतार दिया। सोफे पर वो बैठ गया और मुझे गोद में उठा लिया। मैं बिलकुल इलियाना डीक्रूस दिख रही थी। पतली दुबली और बेहद सेक्सी। दीदी का देवर अनिरुद्ध मेरे बदन पर हर जगह किस करने लगा। मैं उसकी गोद में बैठी हुई थी। मेरे हाथ पैरों, जांघो और पुट्ठो पर वो हाथ घुमा रहा था।
“ओह्ह अंतिका!! कितनी हॉट हो तुम। बिलकुल इलियाना डीक्रूस लग रही हो” वो बोला
“थैंक्स!!” मैंने प्यार भरे शब्दों में धीरे से कहा
फिर अनिरुद्ध खुद को रोक न सका और मुझे किस करने लगा। मेरे गले के नीचे उसने हाथ लगा लिया और मेरे होठो को अपने होठो के सामने ले आया। मैं उसकी गोद में अपने पैरों को मोडकर बैठी थी। हम प्यार करने लगे। मैं आपकी आँखे बंद कर ली और खूब जमकर चुम्मा चाटी शुरू हो गयी। मैं भी उसके लब चबा चबाकर खूब चूसा। अब अनिरुद्ध गर्म होने लगा। मेरे पुट्ठो पर बार बार हाथ फेरने लगा। दोस्तों मेरे पुट्ठे बहुत ही गोरे थे। चिकने और मस्त थे। उसने अपना हाथ मेरी ब्रा के उपर रख दिया और बूब्स को दबाने लगा। मैं “..मम्मी.मम्मी…सी सी सी सी.. हा हा हा …ऊऊऊ ..ऊँ. .ऊँ.ऊँ.उनहूँ उनहूँ..” करने लगी। मुझे अच्छा लग रहा था। आज पहली बार दबवा रही थी। 10 मिनट तक अनिरुद्ध ने मेरे दोनों बूब्स ब्रा के उपर से दबा दिए। फिर मुझे अपने पैरो के उपर ही पेट के बल लिटा दिया। मेरी ब्रा की नीली पट्टियाँ मेरे दूधिया कंधे पर बहुत सुंदर दिख रही थी। वो मेरे मुलायम कंधे को मुंह लगाकर पीने लगा और ब्रा की पट्टियों को उसने नीचे उतार दिया। कितने बार तो उसने मेरे खूबसूरत कंधे पर दांत से काट लिया। दोनों कंधे उसने कुछ देर तक चूसे। ब्रा के हुक को उसने खोल दिया। अब मेरी पूरी नंगी पीठ अनिरुद्ध के सामने खुली पड़ी थी।
“अंतिका!! यू हैव ए फेंटेस्टिक बैक!!” वो बोला और मेरी नंगी बेहद चिकनी पीठ पर वो बार बार अपने हाथ घुमाने लगा। मुझे प्यार कर रहा था। सहला रहा था। हाथ लगा रहा था। मैं उसके पैरों पर पेट के बल लेटी हुई थी। अनिरुद्ध नीचे झुक गया और मेरी सेक्सी पीठ पर उसने कई किस कर दिए। चुम्मा पर चुम्मा ले लिया। फिर दांत गड़ाकर पीठ को काटने लगा। मैं “…उई. .उई..उई…माँ..ओह्ह्ह्ह माँ..अहह्ह्ह्हह.” करने लगी।
ऐसा प्यार मुझे आजतक किसी ने नहीं किया था। मैं भी अब चुदने के मूड में आ गयी थी। मैं उसे रोका नही। वो जो जो करना चाहता था मैंने करने लगा। 15 मिनट तक दीदी का देवर अनिरुद्ध मेरी नंगी पीठ से खेलता रहा। फिर मुझे सीधा लिया दिया। मेरे पैर तो अपने आप ही खुल दिए। अब मेरे जिस्म पर सिर्फ एक छोटी से तिकोनी पेंटी थी मेरी इज्जत बचाने के लिए। पेंटी में मैं बड़ी सेक्सी माल दिख रही थी। अनिरुद्ध ने पेंटी के उपर से चूत में ऊँगली करनी शुरू कर दी। मैं सी सी सी करने लगी। मेरी चूत अब रस छोड़ने लगी जिससे पुरी पेंटी ही भीग गयी। अनिरुद्ध ने आखिर मेरी पेंटी अपने हाथ से उतार दी। मैं नंगी हो गयी। चूत को ढकने के लिए मेरे हाथ चूत पर जाने लगे तो उसने मेरे हाथ पकड़ लिया और मेरी मुनिया रानी पर कब्जा कर लिया।
दोस्तों मेरी चूत भरी हुई थी। बिलकुल गदराई चूत थी मेरी। दीदी के देवर ने अपना मुंह लगा दिया और जल्दी जल्दी मेरी बुर चाटने लगा। मैं तो पागल ही होने लगी थी। “हूँउउउ हूँउउउ हूँउउउ ..ऊँ-ऊँ.ऊँ सी सी सी सी. हा हा हा.. ओ हो हो..” की कामुक आवाजे निकाल रही थी। आज जिन्दगी में पहली बार मैं चूत चटवा रही थी। अनिरुद्ध मेरी सील बंद चूत को जल्दी जल्दी पी रहा था। आज वो सब रस चूस लेना चाहता था। वो चुदाई के नशे में आ गया था। आज तो वो मेरी बुर को खा ही लेना चाहता था। मेरे चूत के ओंठो को वो दांत से पकड़ पकड़ कर खींच लेता था। मेरे जिस्म में तो करेंट ही दौड़ जाता था। मेरी चूत अब हीटर की तरह तप रही थी। अभी भी अनिरुद्ध छोड़ने का नाम नही ले रहा था। मेरी रसीली चूत को जल्दी जल्दी पी रहा था। मेरी चूत से कई बार सफ़ेद मक्खन निकला जिसे वो पूरा चाट गया।
अपना अंडरवियर उसने उतार दिया।
“अंतिका बेबी!! सक माई डिक” वो बोला और मेरे हाथ में लंड दे दिया।
दोस्तों दीदी के देवर का लौड़ा 9″ लम्बा और 3″ मोटा था। इकदम किसी अमेरिकन मर्द के लौड़े जैसा दिख रहा था। मैं घबरा रही थी। पर धीरे धीरे मैंने अनिरुद्ध के लंड को फेटना शुरू कर दिया। उसके बगल मैं सोफे पर बैठ गयी और हिलाने लगी। मुझे मजा आने लगा। मेरे जल्दी जल्दी फेटने से उसका लंड तो लकड़ी जितना सख्त हो गया था। मैं झुक गयी और लंड को मुंह में ले लिया। फिर जल्दी जल्दी मैंने चूसने लगी। अनिरुद्ध “उ उ उ उ उ..अअअअअ आआआआ. सी सी सी सी… ऊँ-ऊँ.ऊँ..”करने लगा। उसे मजा आ रहा था। मैं तो आइसक्रीम की तरह चूस रही थी। इतना मोटा लंड का टोपा था की मेरे मुंह में नही जा रहा था। फिर मैंने किसी तरह अपना मुंह और जादा खोल दिया और लंड को गले तक ले गयी। जल्दी जल्दी चूसने लगी। मुझे मजा आने लगा। अब मैं गले तक लेकर जल्दी जल्दी चूस रही थी। मुझे ये सब बहुत रोमांटिक लगा। मैं जल्दी जल्दी फेट रही थी और सिर हिला हिलाकर चूस रही थी। खूब चुसी चुसव्व्ल हुआ दोस्तों। फिर अनिरुद्ध ने मुझे सोफे पर लिटा दिया। मेरे सिर के नीचे उसके तकिया लगा दिया और मेरे पैर खोल दिए।
“जान!! आराम से चोदना!” मैंने उसे याद दिलाई
उसने लंड मेरी चुद्दी के छेद पर रख दिया और अपने सीधे हाथ को लंड पर रखकर चूत पर दबा दिया। फिर वो जल्दी जल्दी लंड चूत के उपर की रगड़ने लगा। ऐसा उसने 15 मिनट तक किया। उसने मुझे चोदा नही। सिर्फ चूत पर लंड को बार बार रगड़ा। ऐसा करने से मैं बुरी तरह से चुदासी हो गयी।
“जानू!! क्या तुम मुझे चोदोगे नही?? क्या सिर्फ ऐसे ही तड़पाओगे??” मैंने पूछा
“पर अंतिका !! तुमको तो चुदाई से डर लगता है” अनिरुद्ध बोला
“नही, अब नही लगता है। भगवान के लिए अब मुझे चोद लो” मैंने किसी रंडी की तरह कहा
अनिरुद्ध ने अपने लंड के टोपे पर मुंह से थूक मला और हाथ से पकड़कर मेरी चूत के छेद पर रखा और जोर का बाहुबली वाला धक्का दिया। मेरी सील टूट गयी। उसका लंड 4″ अंदर घुस गया। मुझे बहुत दर्द हुआ। मेरी चूत से लाल खून बहने लगा। दूसरा धक्का उसने फिर दिया और इसबार 9″ का लंड पूरी तरह से चूत में अंदर तक धंस गया। मेरी तो जान निकलने लगी। मेरी दोनों नाजुक कलाई दीदी के देवर से कसके पकड़ लिए और जल्दी जल्दी सोफे पर लिटाकर मुझे चोदने लगा। मैं “..उंह उंह उंह हूँ.. हूँ. हूँ..हमममम अहह्ह्ह्हह..अई.अई.अई…”की सेक्सी आवाजे मुंह खोलकर निकाल रही थी। दर्द बहुत हो रहा था। कुछ मिनट तो बिलकुल मजा नही आया। पर अनिरुद्ध ने मुझे एक सेकंड के लिए नही छोड़ा। जल्दी जल्दी मेरी चूत मारता रहा। मैं रोई भी। काफी देर बार वो आउट हुआ। आधे घंटे बाद जब उसने मुझे फिर से चोदा तब बिलकुल दर्द नही हुआ। मजे लेकर मैंने सेक्स किया। अनिरुद्ध के लंड पर अब भी मेरी चूत का खून लगा था। अब तो मैं उससे रोज शाम के वक़्त छत पर जाकर चुदवा लेती हूँ।

यह कहानी भी पड़े कमसिन भाभी की चूत और मेरा गरम लंड

और मजेदार सेक्सी कहानियाँ:

error: Content is protected !!

Online porn video at mobile phone


हलकि किचुदाइaunty k tarbuj jese chuchiya sex kananiyaSaaS aur damad sex stories hindiwww.hindi me sexse kok shastir.comरोज अपने भाई का लौड़ा चूसती हूँजबरदस्ती गांड़ की चुदाईभाबी की चूते का छेद देखना हाGoan me randiyo ki buri tarah chudai storyमाँ की इच्छा पूरी की अन्तरवासनsasural me meri chudai rajsharma sexstorymauseri behan ka badanचुदचोदु परिवार की चुदाईमामी की चुदाईpissab piya threesome hindi sex storiesरात में छत पर लड़के का अंडरवियर खोलाएक दूजे के लिए सेक्स कहानीदिवीया.sex.pornxxx story kamuk saas choti saas badi saas manjali saas ki chudai kiसेकसीलडकीdesi pabhi hanjra wali pabhisex चुत चुदाई नँगीकहानीindansexbhaiindansexbhaipyasi masqa sexy hindi storyसेक्स स्टोरी भाभी ने कहा जोर से पेलो मेरे राजाme.aur.mere.mose.chachi.rajsharma.sex.storभाभी की चुदाईmamme ne apne kmpne bos se chudwayaमेरा लंड सिकंदर बड़ी साली की चूत के अन्दर-4चोदभाभी के बुर का स्वाद कहानीसेकसीलडकीचोदा चोदी फोटोSex satory mom 2018hindibolti khani c.com bhabi divarphimpim tvsexसहेली के पति से सेक्स कहानियांसंकरी चुतHindi porn stories akhodekhinadaan bacchi ki gand sex storieshule bud chudaiकुर्सी पर पापा से चुदी सेक्स स्टोरीजbhaha ne mere land konahlaya chudai khani hindicondom chalate Hai ladkiyon ki sexy video WhatsAppमेरा 12 इंच का लण्दरण्डी की चुदाई कहानीमूतती बुर बहन कीकोमल और बाप की चुदाईदुस्त का बैहेन Sxc Videoमामी भांजे क xxx.comगानाबुरभाभी और मेरी अंतरवासनाChudai like lambi kahaniya Hindi sez storyindansexbhaimame ne didi ko chudwaya साडी मेँ सेक्सी सीनwww barrezesh xxxमौसी और मा की चुदाईहिन्दी जोर दार चुदाई कि कहानीबेटी के साथ सेक्समाँ का दीवाना हिंदी सेक्स स्टोरीbhai bahan ki rajai me chudai xxx hindi storySex ke dauran jaldi jhrnaek majboor pati ki dastan kahanivasana बहन का सेक्स कहनीसंगीता दीदी की पैँटीsali ki beti ka kuwara yovan cudai kahanimaa ne apne bete ka land khda dekh ke muth mardiसासु माँ कि चुदाई और सन्तुष्ट कियाsax.kahane.dost.mame.kesamdhi ji se chodai